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Saturday, 2 February 2013

एक क्रान्तिकारी की जीवन-रक्षा के लिए कामरेडों और साथियों से एक ज़रूरी अपील

दोस्‍तो और कामरेडो,

कामरेड शालिनी इस समय मेटास्‍टैटिक कैंसर के विरुद्ध जीवन-मृत्‍यु की लड़ाई लड़ रही हैं। हमारी कोशिश है कि देश में उपलब्‍ध सर्वोन्‍नत चिकित्‍सा-सुविधा उन्‍हें उपलब्‍ध करायी जाये। फिलहाल धर्मशिला कैंसर अस्‍पताल एवं रिसर्च सेंटर, दिल्‍ली में उनका इलाज हो रहा है और साथियों की मदद से टाटा मेमोरियल कैंसर इंस्‍टीट्यूट, हिन्‍दुजा अस्‍पताल, लीलावती अस्‍पताल (मुम्‍बई) तथा आयरलैण्‍ड एवं यू.एस. के विशेषज्ञों के चिकित्‍सीय परामर्श भी हमें मिल रहे हैं। इसके अतिरिक्‍त हम वैकल्पिक चिकित्‍सा-पद्धतियों को भी अपना रहे हैं।

का. शालिनी युवावस्‍था की दहलीज़ पर क़दम रखने के साथ ही वाम क्रान्तिकारी आन्‍दोलन में सक्रिय हो गयी थीं। 1995 से उनका जीवन क्रान्ति के लिए पूर्णत: समर्पित रहा है। इस दौरान वह छात्रों, स्त्रियों और संस्‍कृति के मोर्चे पर सक्रिय रहीं। प्रगतिशील साहित्‍य के प्रकाशन एवं वितरण की हम लोगों की सभी परियोजनाओं (जनचेतना, राहुल फ़ाउण्‍डेशन, परिकल्‍पना, अनुराग ट्रस्‍ट) की वह प्रमुख स्‍तम्‍भ रही हैं। सम्‍प्रति वे जनचेतना की सोसायटी की अध्‍यक्ष, राहुल फ़ाउण्‍डेशन की कार्यकारिणी सदस्‍य, परिकल्‍पना की निदेशक और अनुराग ट्रस्‍ट की एक न्‍यासी हैं। का. शालिनी का अठारह वर्षों का क्रान्तिकारी जीवन जुझारू, समझौताविहीन, सिद्धान्‍तनिष्‍ठ और क़ुर्बानियों भरे क्रान्तिकारी जीवन की एक मिसाल रहा है। इस बहुमूल्‍य जीवन की हिफ़ाज़त के लिए हम लोग हर सम्‍भव प्रयास करने के लिए संकल्‍पबद्ध हैं।

लेकिन इसके लिए हमें अपने सभी दोस्‍तों, कामरेडों और प्रगतिशील, जनवादी, वामपंथी बुद्धिजीवियों तथा संवेदनशील नागरिकों की सहायता की आसन्‍न आवश्‍यकता है। कैंसर की इस किस्‍म का इलाज भारत में अत्‍यधिक खर्चीला है। इसलिए, एक बहुमूल्‍य क्रान्तिकारी जीवन की रक्षा के लिए हम यह अर्जेन्‍ट अपील जारी कर रहे हैं।

एक और स्‍पष्‍टीकरण यहाँ ज़रूरी है। हम इस उद्देश्‍य के लिए सरकार से, पूँजीवादी प्रतिष्‍ठानों से, विदेशी वित्तपोषित एन.जी.ओ. से या चुनावी पार्टियों से कोई मदद नहीं लेंगे। किसी अज्ञात स्रोत से प्राप्‍त धन भी हमें अस्‍वीकार्य होगा। यह हम लोगों का उसूल है और का. शालिनी का भी ऐसा ही पुरज़ोर आग्रह है। हमें केवल उन कामरेडों और शुभचिन्‍तकों से सहयोग चाहिए, जो कम या ज़्यादा राजनीतिक मतभेदों के बावजूद, हमारी क्रान्तिकारी निष्‍ठाऔर ईमानदारी पर भरोसा रखते हैं। का. शालिनी का यह भी आग्रह है कि चूँकि अपने पिता की विध्‍वंसक क्रान्ति-विरोधी गतिविधियों के चलते वे बरसों पहले परिवार से सारे रिश्‍ते तोड़ चुकी हैं, अत: परिवार से किसी भी प्रकार की वित्तीय सहायता उन्‍हें कतई स्‍वीकार नहीं होगी। का. शालिनी की भावनाओं का पूरा सम्‍मान करते हुए हम ऐसा ही करेंगे। हमें विश्‍वास है कि एक क्रान्तिकारी के बहुमूल्‍य जीवन की रक्षा के लिए पूरे देश से कामरेडों, दोस्‍तों और शुभचिन्‍तकों के हज़ारों हाथ आगे आयेंगे। सहयोग करने के लिए इच्‍छुक साथी हमसे निम्‍नलिखित फोन नम्‍बर, ईमेल और डाक-पते पर सम्‍पर्क कर सकते हैं:

फोन: 9910462009 / 8853093555; ईमेल: satyamvarma@gmail.com;

पत्र-व्‍यवहार हेतु: सत्‍यम, फ़्लैट नम्‍बर 250, एमआईजी, सेक्‍टर 28, रोहिणी, दिल्‍ली-110085

आपके सम्‍पर्क करने के बाद हम चेक/ड्राफ़्ट/मनीऑर्डर भेजने या एकाउंट ट्रांसफ़र करने के लिए ज़रूरी जानकारियाँ तत्‍काल भेज देंगे।

क्रान्तिकारी अभिवादन सहित, - जनचेतना, राहुल फ़ाउण्‍डेशन, परिकल्‍पना, अनुराग ट्रस्‍ट, अरविन्‍द स्‍मृति न्‍यास, स्‍त्री मुक्ति लीग, दिशा छात्र संगठन, नौजवान भारत सभा और बिगुल मज़दूर दस्‍ता से जुड़े कार्यकर्तागण